देश भक्ति शायरी हिंदी में! 

बस ये बात हवाओं को बताये रखना,

रौशनी होगी चिरागों को जलाये रखना,

लहू देकर जिसकी हिफाज़त की शहीदों ने,

उस तिरंगे को सदा दिल में बसाये रखना।

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ताज महल क्या चीज हे शायरी हिंदी में! 

1. ताज महल क्या चीज है…

हम इससे भी अच्छी इमारत बनवा देंगे,शाहजहां ने मुमताज़ को मुर्दा दफनाया था, हम तुझे ज़िंदा ही दफना देंगे।
2.फनी शायरी प्यार का रास्ता . ..

कहते हैं कि प्यार की राहों पे चलना आसान नहीं, मैंने भी कल चल के देखा मुझे ताे रास्ता ठीक ही लगा।

मजाकिया शायरी हसीनो की 

1. हसीना से मिलें नजरें अट्रैक्शन हो भी सकता है,  चढ़े फीवर मोहब्बत का तो एक्शन हो भी सकता है,  हसीनों को मुसीबत तुम समझ कर दूर ही रहना, ये अंग्रेजी दवाएं हैं रिएक्शन हो भी सकता है।
3..आपका घर इतना दूर .. .

चिरागों में इतना नूर ना होता, तो तनहा दिल मजबूर ना होता, हम आपसे मिलने जरूर आते,अगर आपका घर इतना दूर ना होता।
3. न रेनकोट ना छाता.. .

ये बारिश का मौसम बहुत तड़पाता है, वो बस मुझे ही दिल से चाहता है, लेकिन वो मिलने आए भी तो कैसे…? उसके पास न रेनकोट है और ना छाता है।

खुशी शायरी 

जब ख़ुशी मिली.. .

जब ख़ुशी मिली तो कई दर्द मुझसे रूठ गए,

दुआ करो कि मैं फिर से उदास हो जाऊं।

यह जो हिज्र में. ..

यह जो हिज्र में दीवार-ओ-दर को देखते हैं,

कभी सबा को कभी नामबर को देखते हैं,

वो आये घर में हमारे खुदा की कुदरत है,

कभी हम उनको कभी अपने घर को देखते हैं।

खुशियाँ तमाम देना.. .

जीने की उसने हमे नई अदा दी है,

खुश रहने की उसने दुआ दी है,

ऐ खुदा उसको खुशियाँ तमाम देना,

जिसने अपने दिल मे हमें जगह दी है।

जिंदगी उसी को आजमाती .. .

जिंदगी उसी को आजमाती है,

जो हर मोडपर चलना जानता है,

कुछ पा कर तो हर कोई मुस्कुराता है,

जिंदगी उसी की है ….

जो सबकुछ खो कर भी मुस्कुराना जानता है।

ज़िन्दगी एक हसीन ख़्वाब. ..

ज़िन्दगी एक हसीन ख़्वाब है,

जिसमें जीने की चाहत होनी चाहिये,

ग़म खुद ही ख़ुशी में बदल जायेंगे,

सिर्फ मुस्कुराने की आदत होनी चाहिये ।

काश शायरी 

तेरी वफ़ा तेरा हुस्न. ..

तेरे हुस्न पे तारीफों भरी किताब लिख देता,

काश… तेरी वफ़ा तेरे हुस्न के बराबर होती ।

क़िस्मत में लिखा होता. ..

उस की हसरत को मेरे दिल में लिखने वाले,

काश… उसको भी मेरी क़िस्मत में लिखा होता।

तन्हा नहीं करते. ..

काश… तू समझ सकती मोहब्बत के उसूलो को,

किसी की सांसो में समाकर उसे तन्हा नहीं करते ।

काश तू भी बन जाए . ..

काश तू भी बन जाए तेरी यादों कि तरह,

न वक़्त देखे न बहाना बस चली आये ।।

वो रोज़ देखता है .. .

वो रोज़ देखता है डूबते सूरज को इस तरह,

काश मैं भी किसी शाम का मंज़र होता 

जुदाई शायरी 

सजदों में सिसकता देखो. ..

आओ किसी शब मुझे टूट के बिखरता देखो,

मेरी रगों में ज़हर जुदाई का उतरता देखो,

किस किस अदा से तुझे माँगा है खुदा से,

आओ कभी मुझे सजदों में सिसकता देखो।

सोचा था कि मिटाकर . ..

सोचा था कि मिटाकर सारी निशानी तेरी,

चैन से सो जायेंगे ।

बंद आँखो ने अक्स देखा तेरा,

तो बेचैन दिल ने पुकारा तुझको ।

उस शख्स को बिछड़ने .. .

उस शख्स को बिछड़ने का सलीका नहीं आता,

जाते जाते खुद को मेरे पास छोड़ गया…।

हर मुलाक़ात पर वक़्त का .. .

हर मुलाक़ात पर वक़्त का तकाज़ा हुआ,

हर याद पर दिल का दर्द ताज़ा हुआ ।

सुनी थी सिर्फ लोगों से जुदाई की बातें,

खुद पर बीती तो हक़ीक़त का अंदाज़ा हुआ ।

ऐ चाँद चला जा क्यूँ आया है . ..

ऐ चाँद चला जा

क्यूँ आया है तू मेरी चौखट पर,

छोड़ गया वो शख्स

जिस के धोखे मे तुझे देखते थे ।

जुदाई शायरी 

कोई मरता नहीं जुदाई में. ..

रब किसी को किसी पर फ़िदा न करे,

करे तो क़यामत तक जुदा न करे,

ये माना की कोई मरता नहीं जुदाई में,

लेकिन जी भी तो नहीं पाता तन्हाई में।

अंजाम जुदाई निकला .. .

बेवफा वक़्त था..?

तुम थे..?

या मुकद्दर था मेरा..?

बात इतनी ही है कि अंजाम जुदाई निकला ।

जुदाई का सबब. ..

हो जुदाई का सबब कुछ भी मगर,

हम उसे अपनी खता कहते हैं,

वो तो साँसों में बसी है मेरे,

जाने क्यों लोग मुझसे जुदा कहते हैं।

याद में तेरी आँहें . ..

याद में तेरी आँहें भरता है कोई,

हर सांस के साथ तुझे याद करता है कोई,

मौत तो सचाई है आनी ही है,

लेकिन तेरी जुदाई में हर रोज़ मरता है कोई।

किसी से जुदा होना . ..

किसी से जुदा होना इतना आसान होता तो,

रूह को जिस्म से लेने फ़रिश्ते नहीं आते।